रेवाड़ी (हरियाणा): जिला रेवाड़ी में अवैध खनन पर लगाम लगाने के लिए प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। अतिरिक्त जिला आयुक्त (एडीसी) राहुल मोदी ने गुरुवार को लघु सचिवालय के सभागार में खनन विभाग की बैठक में यह निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्माण सामग्री के लिए कहीं भी अवैध खनन पाया गया, तो दोषी व्यक्तियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
नियमों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश
एडीसी ने खनन विभाग को निर्देश दिया कि अवैध माइनिंग की शिकायत मिलते ही तत्काल कार्रवाई करते हुए खनन गतिविधियों को बंद कराया जाए। विशेष रूप से अरावली की पहाड़ियों पर नजर रखने का आदेश दिया गया है, जहां पत्थर की अवैध खुदाई की शिकायतें सामने आती रही हैं। इसके साथ ही, मिट्टी की खुदाई के लिए परमिशन प्राप्त साइट्स पर भी सरकार के नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने को कहा गया है।
पर्यावरण संरक्षण पर जोर
अवैध खनन से पर्यावरण और स्थानीय पारिस्थितिकी तंत्र को होने वाले नुकसान को देखते हुए यह कदम उठाया गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि अरावली क्षेत्र में अनियंत्रित खनन से जल संरक्षण और कृषि पर गंभीर प्रभाव पड़ रहा है। इससे पहले, सुप्रीम कोर्ट ने भी अरावली पहाड़ियों में खनन पर सख्ती बरतते हुए नए लाइसेंस और नवीनीकरण पर रोक लगाई थी, जो इस पहल को और मजबूती देता है।
स्थानीय जनता से अपील
जिला प्रशासन ने स्थानीय लोगों से भी अपील की है कि वे अवैध खनन की जानकारी तुरंत अधिकारियों तक पहुंचाएं। इस दिशा में जागरूकता अभियान भी शुरू करने की योजना बनाई जा रही है ताकि आम जनता को नियमों के प्रति जागरूक किया जा सके।
इस कदम से न केवल अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगेगा, बल्कि क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता और संसाधनों की रक्षा में भी मदद मिलेगी। प्रशासन का लक्ष्य नियमों के तहत खनन को बढ़ावा देना और अवैध गतिविधियों पर पूरी तरह रोक लगाना है।



